रिपोर्ट्स के मुताबिक, सैमसंग की नेटवर्क डिविजन द्वारा मोबाइल टावरों में इस्तेमाल होने वाले कुछ अहम उपकरणों को गलत श्रेणी में दिखाने का मामला जांच के दायरे में था।