ज्ञानवापी केस: अखिलेश यादव और असदुद्दीन ओवैसी के विवादित बयानों पर सुनवाई टली, सामने आई ये वजह
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव और एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी समेत अन्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के मामले में आज की सुनवाई टल गई है.
शिवलिंग को लेकर आपत्तिजनक बयान के मामले में मुकदमा दर्ज करने की मांग को लेकर सपा प्रमुख अखिलेश यादव और सांसद असुद्दीन ओवैसी की ओर से दायर निगरानी याचिका पर एडीजे नवम की अदालत में सुनवाई टल गई. एक अधिवक्ता लालजी गुप्ता की मौत पर बार एसोसिएशन द्वारा पारित शोक प्रस्ताव के आलोक में अब छह अक्टूबर को सुनवाई होगी, यह याचिका निगरानी अधिवक्ता हरिशंकर पांडे ने दाखिल की है.
क्या बात है आ?
हरिशंकर पांडे ने अधिवक्ता आरपी शुक्ला, अजय प्रताप सिंह, घनश्याम मिश्र के माध्यम से कोर्ट में अर्जी दाखिल कर आरोप लगाया था कि ज्ञानवापी परिसर में नमाजी शौचालय में हाथ-पैर धोते हैं और गंदगी फैलाते हैं। जबकि वह स्थान हमारे आराध्य भगवान शिव का स्थान है। यह हिंदू समाज का अपमान है.
इसके साथ ही एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी, सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव आदि ने ज्ञानवापी प्रकरण पर सर्वे में मिले शिवलिंग को लेकर बयान देकर हिंदुओं की भावनाओं को ठेस पहुंचाई है।